पारुपल्ली कश्यप ने आज यहां ओलंपिक एकल क्वार्टर फाइनल में पहुंचने वाला पहला भारतीय पुरुष बैडमिंटन खिलाड़ी बनकर इतिहास रचा जबकि स्टार खिलाड़ी साइना नेहवाल ने एक और दमदार जीत के साथ महिला एकल के अंतिम आठ में जगह बनाई लेकिन दुनिया की नंबर एक तीरंदाज दीपिका कुमार ने बेहद निराश किया।
भारत को बैडमिंटन के अलावा अन्य खेलों में निराशा का सामना करना पड़ा। पुरुष हाकी टीम को आज यहां न्यूजीलैंड के हाथों 1 . 3 की शिकस्त के साथ ग्रुप बी में लगातार दूसरी हार झेलनी पड़ी जबकि निशानेबाजी की 25 मीटर पिस्टल स्पर्धा में अनु राज सिंह और राही सरनोबत फाइनल राउंड में भी जगह नहीं बना सकी।
पुरुष युगल टेनिस में भी लिएंडर पेस और विष्णु वर्धन की जोड़ी को दूसरे दौर के कड़े मुकाबले में माइकल लोड्रा और जो विल्फ्रेड सोंगा की फ्रांसीसी जोड़ी के हाथों दो घंटे और सात मिनट में 6 . 7, 6 . 4, 3 . 6 से शिकस्त का सामना करना पड़ा जिससे इस स्पर्धा में भारतीय चुनौती समाप्त हो गई। टेनिस में भारत की उम्मीदें अब पेस और सानिया मिर्जा की मिश्रित युगल जोड़ी पर टिकी हैं जिन्हें कल पहले दौर में नेनाद जिमोनजिक और अन्ना इवानोविच की सर्बियाई जोड़ी का सामना करना है।
इससे पहले भारतीय खेमे में मुक्केबाज मनोज कुमार ने खुशी की लहर दौड़ायी। उन्होंने कल रात एक्सेल एरेना में पुरुषों के 64 किग्रा भार वर्ग में तुर्कमेनिस्तान के सेरदार हुदायबरदीव को 13 . 7 से हराया। इसके साथ ही प्री क्वार्टर फाइनल में पहुंचने वाले भारतीय मुक्केबाजों की संख्या पांच हो गई है।